Trending

​बिरसा मुंडा और आदिवासी संस्कृति पर हमला कर रही हैं पूंजीपति ताकतें: भाकपा माले

​9जून, मऊ- भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) भाकपा माले द्वारा महान स्वतंत्रता सेनानी बिरसा मुंडा की पुण्यतिथि के अवसर पर राज पैलेस स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बिरसा मुंडा की क्रांतिकारी विरासत को याद करते हुए उनके दिखाए रास्तों पर चलने का संकल्प लिया।

​कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य वक्ता बसंत कुमार ने कहा, “बिरसा मुंडा हमारे स्वतंत्रता संग्राम के राष्ट्रीय नायक हैं। उन्होंने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ ‘उलगुलान’ (महाविद्रोह) का बिगुल फूंका था। उनका जीवन और संघर्ष आज भी हमारे लिए प्रेरणास्रोत है।”

​आदिवासी संस्कृति पर हमले का विरोध:

जन संस्कृति मंच के प्रदेश अध्यक्ष जय प्रकाश धूमकेतु ने वर्तमान व्यवस्था पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि आज देश के जंगल, पहाड़ और नदियों को कॉर्पोरेट घरानों और पूंजीपतियों के हवाले किया जा रहा है। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि यह कदम न सिर्फ पर्यावरण के खिलाफ है, बल्कि बिरसा मुंडा के विचारों और आदिवासी संस्कृति पर सीधा हमला है। जल-जंगल-जमीन को बचाने के लिए आज फिर से एक बड़े आंदोलन की जरूरत है।

सुंदरीकरण की उठी मांग:

इस गौरवमयी अवसर पर भाकपा माले ने स्थानीय प्रशासन और सरकार से मांग की कि राज पैलेस स्थित बिरसा मुंडा की प्रतिमा, वहां मौजूद पोखरे और पार्क का अविलंब सुंदरीकरण किया जाए। वक्ताओं ने कहा कि राष्ट्रीय नायक के स्मारक की उपेक्षा बर्दाश्त नहीं की जाएगी और इसे एक सुंदर व गरिमामय स्थल के रूप में विकसित किया जाना चाहिए।

​इस श्रद्धांजलि सभा और कार्यक्रम में रामबली राजभर, साधु यादव, फेकू राजभर, राजू आदिवासी भाकपा माले के स्थानीय पदाधिकारियों सहित भारी संख्या में कार्यकर्ता और आम जनता उपस्थित रही।

बसंत कुमार की रिपोर्ट

Related Articles

Back to top button